सरगम का परिचय
— समस्वर, कान से मिला
इस सरगम योजना के बारे में
समस्वर गाना मतलब मुख्य धुन से अलग सुर — अंतराल। हर थाट में सात स्वर हैं, सरगम। समस्वर वहीं से शुरू होता है: कान उन स्वरों को नाम दे।
पहले अंतराल: मेल और तनाव महसूस करें। फिर सरल अंतराल से धुन में समस्वर, फिर स्वर-समूह।
सिद्धांत बड़ा अध्याय है, यह अठारह दिन व्यावहारिक रहते हैं: मन और कान, शास्त्र नहीं। नया शब्द? अभ्यास चलता रहे — बोध आ जाएगा।
समस्वर के पीछे का कान तेज़ करें। सुर साधना योजना आज़माएँ →
सरगम प्रश्न
समस्वर गाना कैसे सीखें?
अंतराल से शुरू करें। मेल और तनाव बैठे तो धुन में समस्वर, फिर स्वर-समूह।
सरगम क्या है, समस्वर में क्यों?
सरगम सात स्वरों को नाम देता है। नाम से कान मुख्य धुन के विरुद्ध अपनी पंक्ति खोजता है।
समस्वर के लिए शास्त्र चाहिए?
नहीं। योजना कान से समस्वर खोजती है, सिद्धांत से नहीं। निर्देश और अभ्यास काफ़ी हैं।

